Skip to main content

स‍िर फोड़ने की बात करने वाले एसडीएम से मेरा कोई संबंध नहीं- BJP सांसद ने दी सफाई, कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी

हरियाणा के करनाल में प्रदर्शन के दौरान किसानों पर लाठीचार्ज और उनका सिर फोड़ने का आदेश देकर चर्चा में आए एसडीएम आयुष सिन्हा को लेकर सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि वह बीजेपी के राज्यसभा सांसद राकेश सिन्हा के रिश्तेदार हैं। इसी वजह से उन पर कार्रवाई नहीं हो रही है। हालांकि राकेश सिन्हा ने इससे साफ इनकार कर दिया है और कहा है कि उनका आयुष से कोई दूर-दूर तक संबंध नहीं है। इस तरह की अफवाह फैलाने वालों पर कानूनी कार्रवाई होना चाहिए।

राकेश सिन्हा ने लगाया दुष्प्रचार का आरोप: लोगों के ऐसे ट्वीट सामने आने के बाद इसके लिए राकेश सिन्हा पर सवालिया निशान खड़े किए जा रहे थे। अब राकेश सिन्हा ने साफ कर दिया है कि आयुष के नाम को लेकर उन्हें दुष्प्रचार के तहत निशाना बनाया जा रहा है। राकेश सिन्हा ने ट्विटर पर ऐसे सभी लोगों के खिलाफ मानहानि और आपराधिक मुकदमा दायर करने की बात कही है।

राकेश सिन्हा ने अपने ट्वीट में लिखा, ‘एक दुष्प्रचार के तहत करनाल के SDM आयुष सिन्हा को मुझसे जोड़ा जा रहा है। उसका मेरे परिवार से दूर-दूर का कोई संबंध नहीं है और न ही परिचय है। जिन लोगों ने ट्वीट किया है, वे इसे डिलीट करें और माफी मांगे अन्यथा उनके खिलाफ मानहानि और आपराधिक मुकदमा किया जाएगा।’ साथ ही राकेश सिन्हा ने कुछ लोगों का ट्वीट भी शेयर किया था जिन्होंने ऐसा दावा किया था। अब वे सभी ट्वीट डिलीट कर दिए गए हैं।

ट्विटर पर लोगों की भी अलग-अलग प्रतिक्रिया आ रही है। आर्यवंशी नाम के यूजर ने लिखा, ‘आयुष सिन्हा कोई अपराधी नहीं है और न ही उन्होंने कोई असंवैधानिक काम किया है। अगर ऑर्डर न दिए जाते तो बीजेपी सरकार की बहुत किरकिरी होती। उन्होंने बिल्कुल सही किया।’ ट्विटर यूजर सुजीत कुमार लिखते हैं, ‘गलतफहमी एक ऐसी बीमारी है जो किसी को भी हो सकती है। दोनों की तुलना करना और जबरन परिचित बनाना प्रोपगेंडा है।’

कौन हैं आयुष सिन्हा? आयुष सिन्हा ने UPSC CSE 2017 में AIR 7 रैंक प्राप्त की थी। इसी के साथ उनका आईएएस बनने का सपना भी पूरा हो गया था। उनके पिता भी वन विभाग में ऑफिसर हैं। वहीं, उनकी मां कॉलेज में प्रोफेसर हैं। आयुष इससे पहले भी एक बार यूपीएससी क्लियर कर चुके थे, लेकिन इसमें उन्हें रैंक के आधार पर IRS मिला था, जिसके बाद उन्होंने दोबारा एग्जाम देने का फैसला किया था।

The post स‍िर फोड़ने की बात करने वाले एसडीएम से मेरा कोई संबंध नहीं- BJP सांसद ने दी सफाई, कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी appeared first on Jansatta.



from जीवन-शैली – Jansatta https://ift.tt/3BiQXjC

Comments

Popular posts from this blog

Redmi भारत में ला रही है अपनी पहली टीवी, 17 मार्च को होगी लॉन्च

Redmi भारत में अपनी पहली टीवी लॉन्च करने जा रही है, जिसको लेकर कंपनी ने ट्विवटर पर एक ट्वीट करके जानकारी दी है। शाओमी अभी तक भारतीय बाजार में एमआई के टीवी लॉन्च करती रही है। from Jansattaटेक्नोलॉजी – Jansatta https://ift.tt/3kTD1WB

Airtel 398 vs Vi 399 Plan: बेनिफिट्स में है बड़ा अंतर, कीमत में है सिर्फ 1 रुपये का फर्क, जानें कौन सा प्लान है बेस्ट

Airtel Prepaid Plan vs Vi Prepaid Plan: हम आज आपको इस बात की जानकारी देंगे कि Airtel 398 Plan और Vi 399 Plan के बीच कीमत के अलावा बेनिफिट्स में क्या-क्या अंतर है। from Jansattaटेक्नोलॉजी – Jansatta https://ift.tt/39NTnw8

बवासीर और फिस्टुला में अंतर कैसे करें? आचार्य बालकृष्ण से जानिए पाइल्स के रामबाण इलाज

बवासीर में ज्यादा खून बहने से शरीर में खून की कमी हो सकती है। व्यक्ति कमजोर महसूस करने लगता है। लंबे समय तक इस बीमारी के बने रहने और इलाज के अभाव में यह कोलोरेक्टल कैंसर का कारण भी बन सकता है। इसलिए लक्षण दिखते ही बवासीर का इलाज कराएं। आइए आचार्य बालकृष्ण से घरेलू उपचार के साथ बवासीर और फिस्टुला में अंतर समझते हैं। आचार्य बालकृष्ण के मुताबिक पाइल्स को आयुर्वेद में ‘अर्श’ कहा गया है। यह तीन दोषों – वात, पित्त और कफ के दूषित होने के कारण होता है। इसलिए इसे त्रिदोषज रोग भी कहा जाता है। जिन बवासीर में वात या कफ प्रधान होता है, वे सूखे होते हैं। इसलिए मांसल कोशिकाओं से कोई स्राव नहीं होता है। अर्श जिसमें रक्त या पित्त या रक्त पित्त प्रधान होता है, वे आर्द्र अर्श होते हैं। इसमें खून बह रहा है। सूखे हुए अर्श में दर्द अधिक होता है। बवासीर होने के कारण (Piles or Hemorrhoids Causes) आचार्य बालकृष्ण के मुताबिक कब्ज भी बवासीर का एक प्रमुख कारण है। कब्ज में मल सूखा और सख्त होता है, जिसके कारण व्यक्ति को मल त्याग करने में कठिनाई होती है। बहुत देर तक स्थिर बैठना पड़ता है। इस कारण वहां की रक्त वाहि...